अरविंद केजरीवाल ने चुनाव आयोग के X पोस्ट पर प्रतिक्रिया दी, कहा- ‘इज्जत तो सरेआम मत उछालिये’, पश्चिम बंगाल चुनाव में निष्पक्षता जरूरी।
आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भारत निर्वाचन आयोग (EC) के उस सोशल मीडिया पोस्ट पर कड़ा रुख अपनाया है, जिसमें पश्चिम बंगाल में सत्ताधारी दल तृणमूल कांग्रेस (TMC) को ‘दो टूक’ जवाब दिया गया। इस घटना को लेकर अरविंद केजरीवाल प्रतिक्रिया चुनाव आयोग के तौर पर सामने आई, जिसमें उन्होंने आयोग की भाषा और रवैये पर सवाल उठाए।
अरविंद केजरीवाल प्रतिक्रिया चुनाव आयोग में उन्होंने कहा कि, “अब ये कहने की जरूरत नहीं कि चुनाव आयोग सीधे BJP के निर्देशों के तहत काम कर रहा है। यह जगजाहिर है और बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कम से कम इतने अहम संस्थान की इज्जत तो सरेआम मत उछालिये।”
चुनाव आयोग ने सोशल मीडिया X पोस्ट पर लिखा था कि पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव इस बार भयरहित, हिंसारहित, धमकी रहित और प्रलोभन रहित होंगे। साथ ही, बूथ और सोर्स जामिंग की संभावना नहीं रहेगी। इसके साथ ही आयोग ने साफ किया कि मतदान के दिन एजेंटों की बैठने की व्यवस्था से जुड़ी कोई नई गाइडलाइन जारी नहीं की गई है।
also read:- सौरभ भारद्वाज ने निजी स्कूल शुल्क विवाद पर मुख्यमंत्री…
अब ये कहने की भी ज़रूरत नहीं कि चुनाव आयोग सीधे बीजेपी से निर्देश लेकर और बीजेपी के अंडर में काम कर रहा है। ये अब जग ज़ाहिर है और बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। कम से कम ऐसी भाषा के ट्वीट करके इतने अहम संस्थान की इज़्ज़त तो सरेआम मत उछालिये। https://t.co/YOvvyt3cKE
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) April 8, 2026
अरविंद केजरीवाल प्रतिक्रिया चुनाव आयोग के इस बयान से यह स्पष्ट है कि AAP चुनावी प्रक्रिया में निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए सतर्क है। उनके अनुसार, किसी भी तरह की पक्षपातपूर्ण भाषा या कार्रवाई लोकतंत्र और निर्वाचन प्रक्रिया के लिए खतरा है।
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव को लेकर सुरक्षा के बेहद सख्त इंतजाम किए गए हैं। राज्य में लगभग 2,400 अर्धसैनिक कंपनियों के जवान तैनात किए गए हैं, जिनकी कुल संख्या लगभग 2,40,000 है। इसमें करीब 20,000 महिला अर्धसैनिक जवान भी शामिल हैं। राज्य की 294 सीटों पर चुनाव दो चरणों में होंगे – पहला चरण 23 अप्रैल और दूसरा 29 अप्रैल को। मतगणना 4 मई को घोषित की जाएगी।
अरविंद केजरीवाल प्रतिक्रिया चुनाव आयोग ने यह भी रेखांकित किया कि लोकतंत्र की सुरक्षा और चुनाव की निष्पक्षता सुनिश्चित करना हर राजनीतिक दल और आयोग की जिम्मेदारी है। AAP नेताओं का मानना है कि इस तरह के बयान राजनीतिक माहौल को तनावपूर्ण बनाते हैं, और इससे जनता की आंखों में निर्वाचन प्रक्रिया की विश्वसनीयता कम होती है।
इस घटना के बाद यह साफ हो गया कि अरविंद केजरीवाल प्रतिक्रिया चुनाव आयोग ने न केवल चुनावी निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं, बल्कि लोकतंत्र के अहम संस्थानों के प्रति सम्मान बनाए रखने की अपील भी की है।
For English News: http://newz24india.in
Visit WhatsApp Channel: https://whatsapp.com/channel/0029Vb4ZuKSLSmbVWNb1sx1x



