सुरेन्द्रनगर में किसानों पर पुलिस कार्रवाई को लेकर विवाद, AAP नेता प्रवीणभाई राम ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और हिरासत की निंदा की।
गुजरात के सुरेन्द्रनगर जिले में किसानों द्वारा बिजली लाइन अपने खेतों से न गुजरने देने की मांग को लेकर किया गया शांतिपूर्ण प्रदर्शन अचानक विवाद का कारण बन गया। किसानों का आरोप है कि विरोध के दौरान पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई किसानों को हिरासत में ले लिया।
इस पूरे मामले पर आम आदमी पार्टी (AAP) गुजरात फ्रंटल संगठन के अध्यक्ष और किसान नेता प्रवीणभाई राम ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है और इसे किसानों के अधिकारों का हनन बताया है।
शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई का आरोप
स्थानीय किसानों का कहना है कि वे लंबे समय से अपने खेतों से बिजली लाइन गुजरने का विरोध कर रहे थे। उनका दावा है कि यह प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण था, लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने बल प्रयोग करते हुए उन्हें हिरासत में लिया।
किसानों का यह भी आरोप है कि उनकी बात सुने बिना ही प्रशासन ने सख्त रवैया अपनाया, जिससे ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ गई है।
સુરેન્દ્રનગરના ખેડૂતો પોતાના ખેતરોમાંથી વીજલાઇન પસાર ના થાય તે માટે શાંતિપૂર્ણ રીતે પ્રદર્શન કરી રહ્યા હતા ત્યારે તે ખેડૂતો પર સરકારના ઈશારે પોલીસ દ્વારા તેમના પર દમન કરી તેમની અટકાયત કરવામાં આવી હતી.
આ સમગ્ર મુદ્દે AAP ગુજરાત ફ્રન્ટલ સંગઠન પ્રમુખ અને ખેડૂત નેતા પ્રવિણભાઈ રામની… pic.twitter.com/0FayKUwKvx
— AAP Gujarat (@AAPGujarat) May 27, 2026
also read:- नर्मदा जिला पंचायत जीत पर अरविंद केजरीवाल का बड़ा बयान,…
प्रवीणभाई राम का बयान
इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रवीणभाई राम ने कहा कि किसानों की आवाज को दबाना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के इशारे पर पुलिस ने कार्रवाई की, जो पूरी तरह अनुचित है।
प्रवीणभाई राम ने कहा कि किसान पहले से ही कई समस्याओं से जूझ रहे हैं और ऐसे में उनकी जमीन और अधिकारों पर जबरन हस्तक्षेप करना गलत है। उन्होंने मांग की कि हिरासत में लिए गए सभी किसानों को तुरंत रिहा किया जाए और उनकी समस्याओं का समाधान बातचीत के जरिए किया जाए।
किसान संगठनों में बढ़ा आक्रोश
घटना के बाद इलाके में किसान संगठनों में आक्रोश देखने को मिल रहा है। कई ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया जाता, तब तक विरोध जारी रहेगा।
प्रशासन की स्थिति
हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक इस मामले पर विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। लेकिन सूत्रों के मुताबिक स्थिति पर नजर रखी जा रही है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं।
For English News: http://newz24india.in
Visit WhatsApp Channel: https://whatsapp.com/channel/0029Vb4ZuKSLSmbVWNb1sx1x



