अनिल शर्मा का पीजी विवाद: सौरभ भारद्वाज ने सत्य निकेतन स्थित अनिल शर्मा के पीजी के निर्माण पर सवाल उठाए और MCD से जांच व कार्रवाई की मांग की।
आम आदमी पार्टी (AAP) ने भाजपा विधायक अनिल शर्मा के परिवार से जुड़े सत्य निकेतन-मोती बाग स्थित कथित पीजी को लेकर दिल्ली सरकार और नगर निगम पर गंभीर सवाल उठाए हैं। AAP प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने दावा किया कि अनिल शर्मा का पीजी जिस जमीन पर बना है, उससे संबंधित स्वीकृत बिल्डिंग प्लान और निर्माण क्षेत्र में बड़ा अंतर है।
सौरभ भारद्वाज के नेतृत्व में AAP पार्षदों ने गुरुवार को MCD के साउथ जोन कार्यालय पहुंचकर संबंधित इमारत का बिल्डिंग प्लान और नक्शा मांगा। पार्टी का दावा है कि दस्तावेज मिलने के बाद निर्माण को लेकर कई सवाल सामने आए।
230 वर्ग गज की रजिस्ट्री और बड़े निर्माण का दावा
सौरभ भारद्वाज के मुताबिक, अनिल शर्मा का पीजी जिस संपत्ति से संबंधित है, उसके लिए 2022 में करीब 230 वर्ग गज का बिल्डिंग प्लान स्वीकृत हुआ था। उन्होंने यह भी दावा किया कि उपलब्ध रजिस्ट्री में भी 230 वर्ग गज जमीन का ही उल्लेख है।
AAP नेता का आरोप है कि इसके बावजूद संबंधित इमारत का निर्माण करीब 400 से 500 वर्ग गज क्षेत्र में किया गया है। उन्होंने कहा कि स्वीकृत योजना के अनुसार केवल 75 प्रतिशत हिस्से को कवर करने की अनुमति थी, जबकि कथित तौर पर पूरे क्षेत्र में निर्माण किया गया।
MCD की भूमिका पर भी उठाए सवाल
सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि निर्माण के दौरान इस संपत्ति को लेकर शिकायतें की गई थीं, लेकिन उस समय कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा कि अब दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की सरकार को इस मामले में निष्पक्ष कार्रवाई करनी चाहिए।
AAP नेता ने मांग की कि यदि जांच में निर्माण नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो अनिल शर्मा का पीजी भी कार्रवाई के दायरे में आना चाहिए। उन्होंने सरकार से कथित अवैध निर्माण के खिलाफ बुलडोजर कार्रवाई कर उदाहरण पेश करने की मांग की।
रजिस्ट्री सार्वजनिक करने की मांग
सौरभ भारद्वाज ने विधायक अनिल शर्मा से संपत्ति से संबंधित रजिस्ट्री सार्वजनिक करने की भी मांग की। उनका कहना है कि दस्तावेज सामने आने से यह स्पष्ट हो सकेगा कि संबंधित परिवार के नाम कितनी जमीन दर्ज है और वर्तमान में कितने क्षेत्र में मकान या पीजी का निर्माण मौजूद है।
उन्होंने कहा कि यदि संपत्ति और निर्माण से जुड़े सभी दस्तावेज नियमों के अनुरूप पाए जाते हैं तो किसी को आपत्ति नहीं होगी, लेकिन किसी तरह की अनियमितता सामने आने पर संबंधित पक्ष को उसका जवाब देना होगा।
also read:- AAP National Council Meeting: अरविंद केजरीवाल फिर बने…
निर्माण और पार्किंग को लेकर भी सवाल
सौरभ भारद्वाज ने यह भी दावा किया कि अनिल शर्मा का पीजी सत्य निकेतन में मोती बाग गुरुद्वारे की ओर जाने वाली मुख्य सड़क के पास स्थित है। उन्होंने इमारत के बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और ऊपरी मंजिलों के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठाए।
AAP नेता के अनुसार, ग्राउंड फ्लोर का इस्तेमाल पार्किंग के बजाय कार्यालय के तौर पर किए जाने और बेसमेंट में व्यावसायिक गतिविधि होने की बात सामने आई है। उन्होंने कहा कि संबंधित नियमों के तहत पार्किंग क्षेत्र के इस्तेमाल और निर्माण की भी जांच होनी चाहिए।
विधायक के दावे की जांच की मांग
AAP के मुताबिक, विधायक अनिल शर्मा ने इस संपत्ति को नियमित और स्वीकृत नक्शे के अनुसार निर्मित बताया है। इसके विपरीत सौरभ भारद्वाज ने MCD के दस्तावेजों का हवाला देते हुए निर्माण क्षेत्र और स्वीकृत प्लान के बीच कथित अंतर की जांच की मांग की है।
उन्होंने कहा कि अनिल शर्मा का पीजी विवाद अब केवल राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का विषय नहीं रहना चाहिए, बल्कि संबंधित दस्तावेजों की जांच कर स्थिति स्पष्ट की जानी चाहिए।
सौरभ भारद्वाज ने आगे कहा कि यदि दस्तावेजों की जांच में कोई गंभीर अनियमितता सामने आती है, तो जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि किसी जनप्रतिनिधि की संपत्ति से जुड़े मामलों में पारदर्शिता बेहद जरूरी है।
फिलहाल, इस मामले में AAP की ओर से लगाए गए आरोपों और MCD से प्राप्त बताए जा रहे दस्तावेजों के आधार पर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। अनिल शर्मा का पीजी अब दिल्ली की राजनीति में संपत्ति, निर्माण नियमों और MCD की कार्रवाई को लेकर चर्चा का प्रमुख मुद्दा बन गया है।
For English News: http://newz24india.in
Visit WhatsApp Channel: https://whatsapp.com/channel/0029Vb4ZuKSLSmbVWNb1sx1x



