राज्यगुजरात

सूखा घोषणा सत्याग्रह के दूसरे चरण में इसुदान गढ़वी ने द्वारका के गांवों का किया दौरा

सूखा घोषणा सत्याग्रह के दूसरे चरण में इसुदान गढ़वी ने द्वारका के गुंदा गांव का दौरा किया और किसानों से सूखा घोषित करने की मांग पर फॉर्म भरवाए।

आम आदमी पार्टी गुजरात के प्रदेश अध्यक्ष और किसान नेता इसुदान गढ़वी ने सूखा घोषणा सत्याग्रह के दूसरे चरण के तहत देवभूमि द्वारका के गांवों का दौरा किया। उन्होंने गुंदा गांव पहुंचकर किसानों और स्थानीय लोगों से मुलाकात की और सूखा घोषित करने की मांग को लेकर चलाए जा रहे अभियान की जानकारी साझा की।

इसुदान गढ़वी के अनुसार, उनके गांव पहुंचने की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण उनसे मिलने पहुंचे। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं को समझने के लिए गांवों में जाकर सीधे उनसे बातचीत की जा रही है और प्रभावित किसानों से सूखा घोषित करने की मांग से जुड़े फॉर्म भी भरवाए जा रहे हैं।

गांव में किसानों ने उठाई सूखा घोषित करने की मांग

सूखा घोषणा सत्याग्रह के दौरान इसुदान गढ़वी ने गुंदा गांव में किसानों के साथ बातचीत की और खुद भी सूखा घोषित करने की मांग से संबंधित फॉर्म भरे। उन्होंने दावा किया कि कई किसान स्वेच्छा से आगे आकर सरकार से अपने क्षेत्रों को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग कर रहे हैं।

उनका कहना है कि किसानों को राहत और सहायता उपलब्ध कराने के लिए सरकार को प्रभावित इलाकों की स्थिति का तत्काल संज्ञान लेना चाहिए।

158 तालुकाओं में गांव-गांव पहुंचेगा सत्याग्रह

इसुदान गढ़वी ने बताया कि अभियान को अब व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाया जा रहा है। सूखा घोषणा सत्याग्रह के तहत गुजरात के 158 तालुकाओं में 100-100 लोगों की टीमें तैयार की जा रही हैं।

इन टीमों के जरिए कार्यकर्ता गांव-गांव जाकर किसानों से संपर्क करेंगे और सूखा घोषित करने की मांग से संबंधित फॉर्म भरवाएंगे। बताया गया है कि यह अभियान 1 अक्टूबर तक जारी रहेगा।

इस पहल का उद्देश्य प्रभावित किसानों की मांगों को एकत्रित कर सरकार के सामने सामूहिक रूप से रखना है।

also read:- गोपाल इटालिया का बड़ा आरोप, पाटीदार आंदोलन की रिपोर्ट…

2 अक्टूबर को गांधीनगर पहुंचेंगे किसान

इसुदान गढ़वी ने कहा कि 2 अक्टूबर को किसानों के साथ गांधीनगर पहुंचकर सरकार के सामने सभी फॉर्म प्रस्तुत किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि इन फॉर्म के माध्यम से सरकार को यह बताया जाएगा कि किसान अपने क्षेत्रों को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि किसानों की ओर से भरे गए फॉर्म मुख्यमंत्री के समक्ष रखे जाएंगे और सरकार से मांग की जाएगी कि प्रभावित क्षेत्रों में सूखा घोषित कर किसानों के खातों तक राहत और सहायता पहुंचाई जाए।

इन इलाकों के किसानों को राहत की मांग

इसुदान गढ़वी ने कहा कि जामनगर, द्वारका, पोरबंदर और कच्छ के कुछ हिस्सों के अलावा उत्तर गुजरात और सौराष्ट्र के कई क्षेत्रों में लोग प्रभावित हैं। उनके मुताबिक, इन क्षेत्रों में किसानों को तत्काल सरकारी सहायता की जरूरत है।

सूखा घोषणा सत्याग्रह के जरिए आम आदमी पार्टी इन इलाकों में किसानों की मांग को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास कर रही है। गढ़वी ने कहा कि जब तक प्रभावित क्षेत्रों के लिए तत्काल सूखा घोषित कर राहत और सहायता उपलब्ध नहीं कराई जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

सरकार के फैसले पर टिकी नजर

अभियान के दूसरे चरण में गांव-गांव जाकर किसानों से संपर्क करने और उनकी मांगों से जुड़े फॉर्म एकत्रित करने की योजना बनाई गई है। इसके बाद 2 अक्टूबर को इन फॉर्म को गांधीनगर में सरकार के समक्ष प्रस्तुत करने की बात कही गई है।

अब सूखा घोषणा सत्याग्रह के तहत उठाई जा रही किसानों की मांगों पर सरकार की ओर से क्या कदम उठाया जाता है, इस पर सभी की नजरें रहेंगी। आंदोलन के अगले चरण में किसानों की भागीदारी और सरकार की प्रतिक्रिया इसके आगे की दिशा तय करेगी।

For English Newshttp://newz24india.in

Related Articles

Back to top button